Search

    Language Settings
    Select Website Language

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policy, and Terms of Service.

    यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी में “स्टार्टअप कानूनी ढांचा एवं बौद्धिक संपदा संरक्षण” विषय पर कार्यशाला का सफल आयोजन

    2 hours ago

    इंस्टीट्यूशन इनोवेशन काउंसिल,यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी, वाटिका जयपुर द्वारा अन्वेषकों के लिए स्टार्टअप कानूनी ढांचा एवं बौद्धिक संपदा संरक्षण” (Startup Legal Framework & IP Protection) विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। 

     

    यह कार्यशाला विश्वविद्यालय के सेमिनार हॉल में प्रेसिडेंट *डॉ. रश्मि जैन* एवं प्रो-प्रेसिडेंट *डॉ. अंकित गांधी* के मार्गदर्शन एवं प्रेरणा से संपन्न हुई।इस अवसर पर विश्वविद्यालय प्रेसिडेंट डॉ. रश्मि जैन ने अपने संदेश में कहा कि आज के युग में केवल एक अच्छा विचार होना पर्याप्त नहीं है। उस विचार को सही दिशा देना, कानूनी रूप से सुरक्षित करना और उसे दीर्घकालिक सफलता तक पहुँचाना भी उतना ही आवश्यक है।

     

    प्रो-प्रेसिडेंट डॉ. अंकित गांधी ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि युवा उद्यमियों को केवल तकनीकी ज्ञान तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि कानूनी जागरूकता को भी अपने कौशल का अभिन्न हिस्सा बनाना चाहिए। सही जानकारी और समय पर उठाए गए कदम भविष्य में अनेक चुनौतियों से बचाते हैं। उन्होंने कहा कि उचित कानूनी दृष्टिकोण और बौद्धिक संपदा संरक्षण न केवल स्टार्टअप को सुरक्षित बनाते हैं, बल्कि उसे निवेश के लिए अधिक विश्वसनीय और आकर्षक भी बनाते हैं।

     

    मुख्य वक्ता विशेषज्ञ डॉ. राहुल शर्मा, सहायक प्रोफेसर, आईआईएचएमआर विश्वविद्यालय, जयपुर ने अपने संबोधन में कहा कि “आपका विचार, आपका उत्पाद और आपकी ब्रांड पहचान ही आपकी असली संपत्ति है। ”उन्होंने बताया कि पेटेंट आपके नवाचार को कानूनी सुरक्षा प्रदान करता है। ट्रेडमार्क आपके ब्रांड और पहचान की रक्षा करता है। कॉपीराइट आपके कंटेंट और रचनात्मक कार्यों को सुरक्षित रखता है। यदि इनकी समय पर सुरक्षा न की जाए तो प्रतिस्पर्धी आसानी से आपके विचार का लाभ उठा सकते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि आज निवेशक केवल आइडिया में नहीं, बल्कि उसकी कानूनी स्पष्टता और बौद्धिक संपदा की मजबूती में निवेश करते हैं। एक मजबूत आईपी पोर्टफोलियो रखने वाले स्टार्टअप की बाजार में विश्वसनीयता और मूल्य स्वतः बढ़ जाती है। साथ ही उन्होंने अनुबंध, डेटा संरक्षण कानून, रोजगार समझौते और नियामकीय अनुपालन पर भी ध्यान देने की सलाह दी, क्योंकि छोटी लापरवाही भविष्य में बड़े कानूनी विवादों का कारण बन सकती है।

    विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. अनूप शर्मा ने कहा कि संस्थान इस प्रकार के आयोजनों के माध्यम से अपने सामाजिक दायित्वों का निर्वहन कर रहा है, नवाचार करें, लेकिन साथ ही उसकी सुरक्षा भी करें, क्योंकि बिना सुरक्षा के नवाचार लंबे समय तक टिक नहीं पाता।”  

    परीक्षा नियंत्रक डॉ. कमल किशोर जांगिड़ ने विद्यार्थियों को जागरूकता के साथ-साथ व्यावहारिक समझ विकसित करने पर बल दिया।

     

    कार्यशाला का सफल संचालन डॉ. चारु दुबे ,राष्ट्रीय नवाचार एवं स्टार्टअप नीति समन्वयक आईआईसी और डॉ. सीताराम माली सदस्य, आईआईसी यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी द्वारा किया गया।

     

    कार्यक्रम के समापन पर समन्वयक डॉ. सागर कुमार ने मुख्य वक्ता, आयोजकों और सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त करते किया एवं भविष्य में भी इस प्रकार की उपयोगी कार्यशालाओं के आयोजन की प्रतिबद्धता जताई और कहा कि यह कार्यशाला शोध एवं नवाचार के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण पहल है।

     

    इस अवसर पर चेयरपर्सन डॉ. प्रेम सुराना ने कहा कि विश्वविद्यालय का उद्देश्य विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ उद्योग से जुड़ा व्यावहारिक अनुभव प्रदान करना है, ताकि वे बदलते समय की आवश्यकताओं के अनुरूप अपने कौशल का विकास कर बेहतर रोजगार प्राप्त कर सकें।  

     

    प्रो चेयरपर्सन डॉ. अंशु सुराना ने कहा कि इस प्रकार की कार्यशालाएं विद्यार्थियों में आत्मविश्वास बढ़ाती हैं और उन्हें उनके करियर की सही दिशा दिखाती हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह पहल विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

    Click here to Read More
    Previous Article
    श्रेष्ठ पीएम श्री विद्यालयों की बेस्ट प्रैक्टिस शेष विद्यालयों में भी लागू करें: मुख्य सचिव
    Next Article
    राजस्थान विश्वविद्यालय में ‘BIOFIESTA 2026’ का आयोजन: विज्ञान और संस्कृति के संगम से निखरी छात्रों की प्रतिभा

    Related शिक्षा Updates:

    Are you sure? You want to delete this comment..! Remove Cancel

    Comments (0)

      Leave a comment